महिपालपुर से हुमायूँ के मकबरे की सैर पर आप निज़ामुद्दीन ईस्ट में दिल्ली के प्रमुख बाग़-मकबरों में से एक देख सकते हैं। बीचोंबीच बना इसका मकबरा चारबाग़ शैली के बाग़ और आसपास के ऐतिहासिक स्मारकों से घिरा है। महिपालपुर में आपको होटल पर्ल - महिपालपुर दिल्ली एयरपोर्ट मिलेगा।
- जगह: निज़ामुद्दीन ईस्ट, मथुरा रोड और निज़ामुद्दीन दरगाह के पास
- परिसर: चारबाग़ बाग़ के बीचोंबीच मुख्य मकबरा और परिसर में कई दूसरे स्मारक
- खुलने का समय: दिल्ली पर्यटन की वेबसाइट पर अलग-अलग समय दिए गए हैं; निकलने से पहले जाँच लें
- टिकट: दिल्ली पर्यटन के पन्नों पर प्रवेश शुल्क की अलग-अलग जानकारी है

मकबरा, बाग़ और आसपास के स्मारक
हुमायूँ का मकबरा चारबाग़ बाग़ के बीचोंबीच है। एक-दूसरे को काटते रास्ते और जलधाराएँ बाग़ को चार हिस्सों में बाँटते हैं। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के अनुसार इस स्थल में मकबरा, उसका चबूतरा, बाग़, चारदीवारी और प्रवेशद्वार शामिल हैं।
महारानी बेगा बेगम के आदेश पर बना यह मकबरा १५६९–७० में पूरा हुआ। संस्कृति मंत्रालय इसे भारतीय उपमहाद्वीप का पहला बाग़-मकबरा बताता है। यूनेस्को ने १९९३ में इसे विश्व धरोहर स्थल घोषित किया। यह परिसर २७.०४ हेक्टेयर में फैला है और इसके आसपास का संरक्षित क्षेत्र ५३.२१ हेक्टेयर है।
परिसर के दूसरे स्मारकों में ईसा ख़ाँ का मकबरा, नीला गुम्बद, नाई का गुम्बद, अफ़सरवाला मकबरा, बू हलीमा का मकबरा और अरब सराय शामिल हैं। अगर आप मुख्य मकबरे से आगे भी देखना चाहते हैं, तो इन अलग-अलग इमारतों और बाग़ के रास्तों पर घूमने के लिए समय रखें।
महिपालपुर से हुमायूँ के मकबरे तक कैसे जाएँ?

हुमायूँ का मकबरा निज़ामुद्दीन ईस्ट में, मथुरा रोड और निज़ामुद्दीन दरगाह के पास है। होटल पर्ल - महिपालपुर दिल्ली एयरपोर्ट से कार में यहाँ पहुँचने में लगभग ३० मिनट लगते हैं। निकटतम मेट्रो स्टेशन को लेकर दिल्ली पर्यटन की वेबसाइट पर अलग-अलग जानकारी है: कुछ पन्नों पर जेएलएन स्टेडियम और कुछ पर जंगपुरा का नाम दिया गया है। रास्ता चुनने से पहले अपनी यात्रा के लिए सही संपर्क की पुष्टि कर लें।
दक्षिण-पूर्व दिल्ली के ज़िला मजिस्ट्रेट कार्यालय के अनुसार, निज़ामुद्दीन रेलवे स्टेशन और मथुरा रोड पर हज़रत निज़ामुद्दीन बस स्टॉप से भी यहाँ पहुँचा जा सकता है। मुख्य प्रवेशद्वार उस रास्ते के पश्चिमी छोर पर है जो मकबरे की चारदीवारी तक जाता है; कुछ अन्य जानकारी में दक्षिण और पश्चिम के प्रवेशद्वारों का ज़िक्र है।
दिल्ली की यात्रा में इंडिया गेट भी शामिल किया जा सकता है। आप इसे इस सैर के साथ जोड़ सकते हैं।

टिकट, समय और परिसर में प्रवेश
हुमायूँ के मकबरे के खुलने के समय और प्रवेश शुल्क को लेकर दिल्ली पर्यटन की वेबसाइट पर अलग-अलग जानकारी दी गई है: यहाँ सूर्योदय से सूर्यास्त या शाम ७:३० बजे तक प्रवेश मिलता है। भारतीय वयस्कों के लिए टिकट ₹३५–₹४० और विदेशी वयस्कों के लिए ₹५५०–₹६०० है। जाने से पहले आधिकारिक वेबसाइट देख लें। फ़ोटोग्राफ़ी का कोई शुल्क नहीं है, जबकि वीडियो बनाने का शुल्क ₹२५ है।
दिल्ली पर्यटन स्मारक को “दिव्यांगजनों के लिए अनुकूल” बताता है। विश्व धरोहर स्थल के संग्रहालय के प्रवेश और टिकट की जानकारी अलग है: इसकी आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार संग्रहालय सुबह १० बजे से रात ९ बजे तक खुला रहता है; आख़िरी प्रवेश रात ८ बजे है। यह सोमवार और राष्ट्रीय अवकाश के दिन बंद रहता है। भारतीय और सार्क देशों के नागरिकों के लिए टिकट ₹५०, ५–१२ वर्ष के बच्चों के लिए ₹२५ और अन्य देशों के नागरिकों के लिए ₹३०० है।
संग्रहालय की इमारत एक भूमिगत पुल की तरह काम करती है, जो हुमायूँ के मकबरे के परिसर को पास की सुंदर नर्सरी से जोड़ती है। इसे भी देखने की योजना हो, तो वहाँ की मौजूदा प्रवेश और टिकट संबंधी जानकारी के लिए संग्रहालय की आधिकारिक वेबसाइट देखें।
सैर के लिए कितना समय रखें?

इस परिसर में मुख्य मकबरा, बाग़ के रास्ते, जलधाराएँ और कई दूसरे स्मारक हैं। आपको कितना समय लगेगा, यह इस बात पर निर्भर करता है कि आप कितना हिस्सा देखना चाहते हैं। आप मकबरे और उसके पास के बाग़ तक ही सीमित रह सकते हैं या आसपास के स्मारकों तक पैदल जाने के लिए ज़्यादा समय रख सकते हैं।
अगर संग्रहालय भी देखना है, तो अपनी योजना बनाते समय उसके अलग खुलने के समय और आख़िरी प्रवेश के समय का ध्यान रखें। बाग़ और स्मारक खुले में हैं, जबकि संग्रहालय का समय और टिकट व्यवस्था अलग है। सैर को आगे बढ़ाना चाहें, तो महिपालपुर से दिल्ली की एक-दिवसीय यात्रा का रास्ता बाकी दिन की योजना बनाने में मदद कर सकता है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
हुमायूँ का मकबरा कहाँ है?
यह दिल्ली के निज़ामुद्दीन ईस्ट में, मथुरा रोड और निज़ामुद्दीन दरगाह के पास है।
बाग़ की बनावट कैसी है?
चारबाग़ में एक-दूसरे को काटते रास्ते और जलधाराएँ हैं। मकबरा इसके बीचोंबीच है।
किस मेट्रो स्टेशन पर उतरें?
दिल्ली पर्यटन की वेबसाइट पर अलग-अलग स्टेशनों के नाम दिए गए हैं: जेएलएन स्टेडियम और जंगपुरा। यात्रा से पहले रास्ते की ताज़ा जानकारी देख लें।
क्या परिसर में संग्रहालय है?
हाँ। संग्रहालय की इमारत मकबरे के परिसर को पास की सुंदर नर्सरी से जोड़ती है। इसके खुलने का समय और टिकट शुल्क अलग हैं।
