नई दिल्ली के हवाई अड्डे वाले इलाके महिपालपुर से लोटस टेम्पल पहुँचकर आपको माहौल में बदलाव महसूस होगा। दक्षिण दिल्ली के बहापुर, कालकाजी में स्थित यह बहाई उपासना गृह पंखुड़ी के आकार की बनावट और इसके चारों ओर बने तालाबों के लिए जाना जाता है। अपनी यात्रा की योजना यहाँ के साप्ताहिक खुलने के समय और प्रार्थना सभाओं के अनुसार बनाएँ।
- स्थान: लोटस टेम्पल रोड, बहापुर, शंभू दयाल बाग, कालकाजी, नई दिल्ली, दिल्ली 110019
- मेट्रो: कालकाजी मंदिर और ओखला एनएसआईसी स्टेशन, दोनों मंदिर से पाँच मिनट की पैदल दूरी पर बताए जाते हैं
- आमतौर पर खुलने का समय: मंगलवार से रविवार खुला रहता है; सोमवार बंद रहता है
- प्रवेश: आधिकारिक आगंतुक जानकारी में प्रवेश शुल्क का उल्लेख नहीं है

वास्तुकला और परिसर
लोटस टेम्पल की अनोखी बनावट संगमरमर से मढ़ी 27 स्वतंत्र पंखुड़ियों से बनी है। इन्हें तीन-तीन के समूहों में सजाकर नौ भुजाओं वाला आकार दिया गया है। नौ दरवाज़े एक केंद्रीय सभागार में खुलते हैं और इमारत के चारों ओर नौ तालाब हैं।
ईरानी वास्तुकार फ़रीबोर्ज़ सहबा ने इस मंदिर की रूपरेखा तैयार की थी। इसका समर्पण दिसंबर 1986 में हुआ। इसका औपचारिक नाम बहाई उपासना गृह है; दक्षिण दिल्ली के कालकाजी इलाके में स्थित इस इमारत को आमतौर पर लोटस टेम्पल कहा जाता है।
लोटस टेम्पल कैसे पहुँचें?

कालकाजी मंदिर और ओखला एनएसआईसी निकटतम मेट्रो स्टेशन हैं। दोनों से मंदिर तक पाँच मिनट पैदल चलना पड़ता है। कालकाजी मंदिर स्टेशन वायलेट और मैजेंटा लाइन पर है, जबकि ओखला एनएसआईसी स्टेशन मैजेंटा लाइन पर है।
मंदिर नेहरू प्लेस के पूर्व में है। अगर आप कार से आ रहे हैं, तो मुख्य द्वार के सामने दिल्ली विकास प्राधिकरण की पार्किंग उपलब्ध है। 10 या इससे अधिक लोगों का समूह यात्रा से कम-से-कम तीन दिन पहले समय लेने का अनुरोध कर सकता है। शनिवार, रविवार और सार्वजनिक छुट्टियों के लिए समय नहीं दिया जाता और अनुरोध की पुष्टि ज़रूरी है।
दिल्ली के कई दर्शनीय स्थलों को जोड़ने वाले मार्ग के लिए महिपालपुर से दिल्ली घूमने का एक-दिवसीय कार्यक्रम देखें और उसी के अनुसार अपनी यात्राओं का क्रम तय करें।

दर्शन का समय, प्रवेश और आचरण
मंदिर की आगंतुक वेबसाइट और दिल्ली पर्यटन विभाग समापन के अलग-अलग समय बताते हैं, इसलिए जाने से पहले आधिकारिक वेबसाइट देख लें। प्रार्थना सभाएँ सुबह 10 बजे, दोपहर 12 बजे, दोपहर 3 बजे और शाम 5 बजे होती हैं और 10–15 मिनट चलती हैं।
खुलने का समय
- मंगलवार से रविवार: 8:30–17:00
- सोमवार: बंद
आख़िरी बार नवंबर 2026 में जाँचा गया। छुट्टियों और विशेष आयोजनों के दौरान समय बदल सकता है।
रविवार या सार्वजनिक छुट्टियों पर भीड़ ज़्यादा होने या भारी बारिश के कारण प्रार्थना सभागार बंद हो सकता है। प्रार्थना सभागार में जूते पहनकर जाने की अनुमति नहीं है; आप उन्हें जूता-घर में रख सकते हैं। ऐसे सादे कपड़े पहनने की सलाह दी जाती है जो कंधों को ढकें और घुटनों तक हों।
प्रार्थना सभागार और सूचना केंद्र के अंदर फ़ोटोग्राफ़ी की अनुमति नहीं है; बाकी जगहों पर तस्वीरें ले सकते हैं। पेशेवर फ़ोटोग्राफ़रों को पहले अनुमति लेनी होगी। परिसर में खाने-पीने की चीज़ें ले जाने की अनुमति नहीं है और बड़े सामान को अंदर नहीं ले जाया जा सकता। मुख्य द्वार पर पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर व्हीलचेयर उपलब्ध हैं। शौचालय और पीने के पानी की सुविधाएँ भी हैं।

दक्षिण दिल्ली के आस-पास के दर्शनीय स्थल
लोटस टेम्पल की यात्रा को दक्षिण दिल्ली घूमने की बड़ी योजना का हिस्सा बनाया जा सकता है। कुतुब मीनार परिसर भी इस इलाके का एक प्रमुख दर्शनीय स्थल है; होटल पर्ल - महिपालपुर दिल्ली एयरपोर्ट से कार द्वारा वहाँ पहुँचने में लगभग 26 मिनट लगते हैं। वहाँ जाने की योजना बनाने के लिए महिपालपुर से कुतुब मीनार की यात्रा से मदद लें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या लोटस टेम्पल में प्रवेश शुल्क लगता है?
आधिकारिक आगंतुक जानकारी में प्रवेश शुल्क का उल्लेख नहीं है।
क्या लोटस टेम्पल सोमवार को खुला रहता है?
मंगलवार से रविवार खुला रहता है; सोमवार बंद रहता है। नहीं।
क्या मंदिर के अंदर फ़ोटोग्राफ़ी कर सकते हैं?
प्रार्थना सभागार और सूचना केंद्र के अंदर फ़ोटोग्राफ़ी की अनुमति नहीं है। पेशेवर फ़ोटोग्राफ़रों को पहले अनुमति लेनी होगी।
